Sunday

मैने दुश्मन से दोस्ती कर ली

कितनी आसान ज़िन्दगी कर ली
मैंने दुश्मन से दोस्ती कर ली

शायरी भी कभी-कभी कर ली
ज़िन्दगी भी कभी-कभी कर ली

मेरी रुसवाईयों से तंग आकर
मेरे साये ने ख़ुदक़शी कर ली

अब यहीं पर रहूंगा जंगल में
मैंने पेड़ों से बात भी कर ली

-प्रदीप चैबे

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