Saturday

नेता और साँप

एक नेता को
साँप ने डसा
नेताजी मज़े में
साँप चल बसा

यह सुनकर
सँपेरा मुझे डाँटता है
कहता है कि,
‘एक साँप भी कभी
दूसरे साँप को काटता है?’

-मोहन सोनी

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